सीतापुर : सीतापुर में मुठभेड़ के दौरान पत्रकार राघवेंद्र बाजपेयी हत्याकांड का मुख्य आरोपी और एक-एक लाख रुपये का इनामी बदमाश मारा गया। वहीं, प्रयागराज में यूपी एसटीएफ ने झारखंड के एक अपराधी और 4 लाख रुपये के इनामी गैंगस्टर आशीष रंजन को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। हमीरपुर में 8 साल की मासूम से दुष्कर्म के आरोपी को पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार किया गया है।

सीतापुर के बहुचर्चित पत्रकार राघवेंद्र बाजपेयी हत्याकांड के दोनों मुख्य आरोपियों को पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान मार गिराया है। गुरुवार सुबह जब पुलिस को एक-एक लाख रुपये के इनामी बदमाशों की सूचना मिली तो एसपी अंकुर अग्रवाल के निर्देश पर पुलिस और एसओजी टीम ने उनका पीछा किया तो बदमाशों ने फायरिंग कर दी। इसके बाद पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों को गोली लग गई। घायल बदमाशों को पिसावां पीएचसी ले जाया गया। जहां से उन्हें जिला अस्पताल भेज दिया गया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। दोनों बदमाशों की पहचान राजू उर्फ रिजवान और संजय उर्फ अकील खान के रूप में हुई है। यह मुठभेड़ पिसावां थाना क्षेत्र में हुई।
बता दें कि तत्कालीन एसपी चक्रेश मिश्रा के कार्यकाल में दिनदहाड़े पत्रकार राघवेंद्र की हुई नृशंस हत्या के बाद खुलासे को लेकर पत्रकार, मृतक के परिजनों व अन्य लोगों में काफी निराशा थी, लेकिन उनके ट्रांसफॉर्मर के बाद जब एसपी अंकुर अग्रवाल ने कार्यभार संभाला तो सभी में उम्मीद जगी। गुरुवार सुबह आई मुठभेड़ की खबर ने सभी को झकझोर कर रख दिया। पत्रकार राघवेंद्र बाजपेयी की 8 मार्च 2025 को इमलिया सुल्तानपुर के हेमपुर चौराहे पर गोलियों से भूनकर नृशंस हत्या कर दी गई थी। तब से हत्यारे फरार थे। हत्या का मामला जिले से लेकर सदन तक गूंज चुका है। इस हत्याकांड में 3 आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, लेकिन मामले के मुख्य आरोपी फरार थे, जो मुठभेड़ में मारे गए।
2006 में लखीमपुर खीरी जिले के लखीमपुर खीरी थाने में बदमाश राजू उर्फ रिजवान ने सब इंस्पेक्टर परवेज अली की धारदार हथियारों से हत्या कर दी थी और उनकी सरकारी रिवॉल्वर लूट ली थी। 2011 में बदमाश संजय तिवारी उर्फ शकील खान ने मछरेहटा थाने में देवी सहाय शुक्ला की गोली मारकर हत्या कर दी थी। दोनों पर हत्या, लूट और डकैती समेत कई मामलों में मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, रिजवान पर 24 और शकील खान पर 14 मुकदमे दर्ज हैं।

